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- Hundreds Of Employees Protest Outside The Satpura Building In Bhopal; Demand For Dearness Allowance And Annual Increments
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भोपाल21 मिनट पहले
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भोपाल में सतपुड़ा भवन के बाहर सैकड़ों कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया।
- महंगाई भत्ता, वार्षिक वेतनवृद्धि, पदोन्नति सहित 24 सूत्रीय मांगें शामिल
- जिला मुख्यालय और राजधानी में सतपुड़ा भवन के बाहर जोरदार प्रदर्शन
अखिल भारतीय राज्य सरकारी कर्मचारी महासंघ के आह्वान पर आयोजित देशव्यापी हड़ताल का समर्थन करते हुए मध्यप्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ ने गुरुवार को प्रदेश भर में जिला मुख्यालय पर कर्मचारियों की लंबित मांगों की ओर शासन का ध्यान आकर्षित करने के लिये धरना-प्रदर्शन किया।
राजधानी भोपाल में सतपुड़ा भवन परिसर में लंच टाइम में बड़ी संख्या में अधिकारी कर्मचारी सतपुड़ा भवन के मुख्य द्वार के सामने एकत्र हुए तथा नारेबाजी करने लगे। कर्मचारी अपनी मांगों के समर्थन में हाथों में तख्तियां लेकर पहुंचे थे।

कर्मचारियों ने एक घंटे तक जमकर प्रदर्शन किया। इस दौरान सभी कर्मचारी चेहरे पर मास्क लगाए रहे।
मध्यप्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष ओपी कटियार एवं जिला अध्यक्ष भोपाल विजय रघुवंशी ने बताया कि कर्मचारियों की लंबित मांगों का समयावधि में निराकरण नहीं होने से एवं कर्मचारियों को मिल रहे लाभ उनसे राज्य शासन द्वारा वंचित किया जा रहा है जिससे कर्मचारियों में आक्रोश है इसको लेकर सभी जिला मुख्यालयों पर धरना प्रदर्शन कर शासन का ध्यान आकर्षित करने किया गया।
कर्मचारियों की मांगें
- जुलाई 19 से 5% महंगाई भत्ते पर लगाई गई रोक को वापस लेने की मांग
- वार्षिक वेतन वृद्धि की बहाली, केंद्रीय वेतनमान की अंतिम किस्त की 75% राशि का भुगतान
- केंद्र के समान गृह भाड़ा भत्ता एवं अन्य भत्ते सातवें वेतनमान के अनुरूप दिए जाने विगत 4 वर्षों से पदोन्नति पर लगी रोक की पुन: बहाली,
- लिपिक वर्गीय कर्मचारियों की वेतन विसंगति दूर करने
- सहायक शिक्षकों को पद नाम परिवर्तन, नवीन अंशदायी पेंशन योजना के स्थान पर पुरानी पेंशन योजना लागू करने
- सरकारी विभागों में सीधी भर्ती पर अघोषित प्रतिबंध को समाप्त करने
- सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों के स्वत्व का भुगतान करने
- सेवानिवृत्ति आयु 62 वर्ष के स्थान पर 65 वर्ष करने
- सरकारी विभागों का निजीकरण नहीं करने
- अप्रिय श्रम संशोधन कानूनों को लागू नहीं करने
- संविदा के स्थान पर नियमित नियुक्ति आउटसोर्सिंग प्रथा को समाप्त करने
- सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों के स्वत्व का भुगतान करने
- संविदा नियुक्ति के स्थान पर नियमित नियुक्ति किए जाने