कोरोना योद्धा पटवारी ने सातवें दिन दम तोड़ा: ऑक्सीजन सिलेंडर लाने पीथमपुर से लौटते समय सड़क हादसे का शिकार हुए थे नितिन पालीवाल; दो बच्चियों के सिर से उठा पिता का साया

कोरोना योद्धा पटवारी ने सातवें दिन दम तोड़ा: ऑक्सीजन सिलेंडर लाने पीथमपुर से लौटते समय सड़क हादसे का शिकार हुए थे नितिन पालीवाल; दो बच्चियों के सिर से उठा पिता का साया


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खंडवा10 मिनट पहले

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दिवंगत पटवारी नितिन पालीवाल

  • -आईटी, हेल्थ व प्रशासनिक मामलों में एक्सपर्ट पटवारी इंदौर के निजी अस्पताल में भर्ती थे

कोरोना संक्रमण काल में ऑक्सीजन संकट की स्थिति में पीथमपुर में फंसे वाहनों को लाने वाले कोरोना योद्वा पटवारी नितिन पालीवाल नहीं रहे। सड़क हादसे में घायल पालीवाल ने शुक्रवार की सुबह सातवें दिन दम तोड़ दिया। सिर में गंभीर चोंट होने से इंदौर के निजी अस्पताल में इलाज चला। ऑपरेशन के बाद आईसीयू में थे। एक दिन पूर्व वीडियो कॉल पर परिजन व साथियों से बातचीत हुई थी। पालीवाल के जाने से पटवारी खेमे में शोक की लहर है, वहीं दो बच्चियों के सिर से पिता का साया उठे गया।

खंडवा स्थित 57, शिवपुरम कॉलोनी निवासी पटवारी नितिन पालीवाल पुनासा अनुभाग के मूंदी हल्के में पदस्थ थे। बेहतर कार्यशैली, कर्मठता के साथ वे आईटी व हेल्थ मामलों में एक्सपर्ट थे। पूर्व में पुनासा एसडीएम रहीं ममता खेड़े ने उन्हें कोविड के दौरान विशेष जिम्मेदारियां दी। मांधाता उप चुनाव के बाद संक्रमण काल में भी दिन-रात सेवाएं दे रहे थे। परिवार में पत्नी शीतल पालीवाल, बड़ी बेटी सुहानी (13) व उससे छोटी निशी (10) हैं। सरल, सौम्य व्यवहार के ऐसे कोरोना योद्वा का शोक समाचार मिलने से प्रशासनिक खेमा हतप्रभ है।

– निज निवास से निकलेगी अंतिम यात्रा

दिवंगत कोरोना योद्वा के रिश्तेदार रूपेश पालीवाल ने बताया पार्थिव शरीर को इंदौर से खंडवा ला रहे है। अंतिम यात्रा निज निवास शिवपुरम कॉलोनी से निकलेगी।

– इनसाइड स्टोरी : जाओ नितिन! ऑक्सीजन सिलेंडर वाहनों को लाओ

दिनांक 17 अप्रैल, शनिवार की शाम ‘कोविड अस्पताल में ऑक्सीजन खत्म होने को है। ऑक्सीजन सिलेंडर लेने पीथमपुर गए हमारे वाहन वहां फंसे हुए है। नितिन ! अपनी टीम के साथ जाओ और स्थानीय लोगों की मदद से खंडवा के वाहनों को निकालो। मरीजों की जान का सवाल है, जल्दी जाओ।’

अपने कमांडिंग अफसर खंडवा एसडीएम का आदेश पाते ही पटवारी नितिन पालीवाल साथियों के साथ पीथमपुर गए, वाहनों को खंडवा के लिए निकाला। लौटते समय रास्ते में मानपुर घाट पर हादसा हुआ। बोलेरो वाहन पलटी खा गया। वाहन में 5 पटवारी थे, सिर में गंभीर चोट लगने से पटवारी नितिन पालीवाल को इंदौर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। तमाम ऑपरेशन होने के बाद वे आईसीयू में थे। हादसे के सातवें दिन शुक्रवार को उन्होंने दम तोड़ दिया।

– शाम को निकले थे, रात को वापसी की

पटवारी संगठन के अश्विन सैनी ने बताया राजस्व विभाग के पटवारियों की ड्यूटी ऑक्सीजन सिलेंडर की व्यवस्था से लेकर होम आइसाेलेट मरीजों के घर पर लगा दी गई है। ऐसे ही खंडवा से ऑक्सीजन सिलेंडर पीथमपुर लेने गए पिकअप वाहन करीब चार दिनों से वहां फंसे थे। इन वाहनों को प्रबंधन के माध्यम से बाहर प्रवेश कराने खंडवा के 5 पटवारियों की टीम बनाकर भेजी गई थी। ये सभी पटवारी शनिवार शाम खंडवा से निकले थे। पीथमपुर जाकर फंसे वाहनों को निकलवाया। लौटते समय रात 10 बजे मानपुर घाट पर बाइक सवार को बचाने के चक्कर में वाहन पलट गया। सैनी के अनुसार मूंदी के पटवारी नितिन पालीवाल के अलावा पटवारी सत्यनारायण दरबार, रामशंकर मीणा, शिवेश मौर्य, शहबाज कुरैशी भी सवार थे, जिन्हें हल्की चोंटे आई थी।

– कोरोना योद्धा का सम्मान दिलाएंगे

पुनासा एसडीएम चंदरसिंह सोलंकी ने बताया कि पटवारी नितिन पालीवाल प्रशासनिक कुशलता के धनी थे। कोरोना संक्रमण काल में ड्यूटी के दौरान हादसा हुआ है। कोरोना योद्धा का सम्मान कलेक्टर के माध्यम से शासन को प्रस्ताव भेजेंगे। शासन की गाइडलाइन अनुसार जो भी मदद आश्रितों को मिलेंगी, हर संभव दिलाएंगे।

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