- भोपाल में जिस बंगले में पूर्व मंत्री कमलेश्वर पटेल रहते हैं, चर्चा है- इसे मंत्री अरविंद भदौरिया को एलॉट किया गया है
- पूर्व मंत्री ने संपदा विभाग की टीम के सामने गृह विभाग के प्रमुख सचिव को फोन कर कार्रवाई रोकने को कहा
दैनिक भास्कर
Jul 14, 2020, 09:31 PM IST
भोपाल. पूर्व पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री कमलेश्वर पटेल के डी-20 74 बंगले स्थित सरकारी आवास को खाली कराने के लिए संपदा संचनालय और लोक निर्माण विभाग की टीम पहुंची। उन्होंने मंत्री को बंगला खाली करने का नोटिस दिखाया और आज तक की अवधि भी बताई। पूर्व मंत्री ने कहा, मैं बंगला खाली करने से इनकार नहीं कर रहा हूं, लेकिन इस वक्त कैसे खाली कराऊं। कोरोना काल में कैसे किसी को भी अंदर आने दूं और कौन सामान पैक करेगा।
पूर्व मंत्री ने भास्कर से कहा कि कोरोना काल में सरकार बंगला खाली कराने को कह रही है, ये अमानवीयता है। आखिर सरकार की ही गाइडलाइन है कि इस वक्त कोई किराएदार घर खाली नहीं कराए, ऐसे में हमें बंगला खाली करने को कहा जा रहा है। अगर हमने खाली किया तो हमारे मकान में जो किराएदार हैं, उन्हें भी हटना पड़ेगा। ऐसे में सरकार खुद की अपनी गाइडलाइन का उल्लंघन कर रही है।
सरकार को वैकल्पिक व्यवस्था करनी चाहिए : पूर्व मंत्री
सरकार को वैकल्पिक व्यवस्था कराए, कोई न कोई मकान तो देना ही चाहिए। विधायक को इसकी पात्रता तो है। जो विधायक नहीं है, वो बंगले की पात्रता रखते हैं, कई ऐसे लोग हैं जो पात्र नहीं हैं। वह बंगले पर कब्जा करके बैठे हैं। लेकिन विधायक को बेदखल किया जा रहा है, क्या उसकी कोई इज्जत नहीं है।
पूर्व मंत्री कमलेश्वर पटेल ने प्रमुख सचिव गृह एसएन मिश्रा से इस संबंध में फोन पर बात की। उन्होंने बंगला खाली करने की कार्रवाई को रोकने के लिए कहा। बताया जा रहा है कि ये बंगला शिवराज सरकार में मंत्री अरविंद भदौरिया को आवंटित किया जा चुका है। और वह जल्दी से जल्दी यहां शिफ्ट होना चाहते हैं।
पूर्व मंत्री से जब पूछा गया कि ये बंगला मंत्री अरविंद भदौरिया को आवंटित किया जा चुका है तो उन्होंने इसकी जानकारी होने से इनकार किया। बता दें कि संपदा विभाग गृह विभाग के तहत काम करता है और सरकारी बंगलों के रखरखाव की जिम्मेदारी इसी के पास है।