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भीकनगांव19 घंटे पहले
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पाडल्या बाबाजी पंचायत में बना सीसी रोड उखड़ने लगा है।
- घटिया निर्माण कर फर्जी बिल से निकाले 6 लाख 29 हजार रुपए, सीईओ बोलीं- लोकायुक्त में है केस
- सड़क लागत के अलावा 5 लाख रु. निकाले, पंचायत में कोई हिसाब नहीं
जनपद पंचायत के पाडल्या बाबाजी पंचायत के ग्राम खोलवा व पाडल्या में एक साल पहले 14वां वित्त आयोग के 17 लाख 5 हजार 826 रुपए से सीमेंटीकृत सड़क बनाई गई। लेकिन यह एक साल में ही उखड़ने लगी है। गिट्टी निकल रही है।
ग्रामीणों ने कहा निर्माण के समय ही घटिया सामग्री के उपयोग पर काम रुकवाया था। 7 दिन काम बंद रहा। इसके बाद रातोंरात मशीनों से सड़क बना दी गई, जबकि मनरेगा के तहत मजदूरों से काम करवाना था। पहली सतह में ही सीमेंट कम डालने से अब यह उखड़ने लगी है। विभागीय अधिकारियों ने शिकायत के बाद भी ध्यान नहीं दिया। अब ग्रामीणों व स्कूली बच्चों को खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। उपसरपंच रहीम खान, पंच रूबाब खान, यशवंत रावल, मदनिया भूरा, ग्रामीण शफीक खान, असलम खान, किशोर कोचले, रहीम खान आदि ने बताया खोलवा में जब्बार ठेकेदार के घर से स्कूल तक 1068.145 वर्गमीटर और पाडल्या में शिव मंदिर से मुख्य मार्ग तक 938.71 वर्गमीटर के सड़क निर्माण में राशि का दुरुपयोग भी हुआ है। फर्जी बिल लगाकर 6 लाख 29 हजार रुपए निकाल लिए गए। ठेकेदार को भी पूरा भुगतान नहीं किया गया। सड़क की लागत के अलावा 5 लाख रुपए निकाले गए है। इसका भी पंचायत में कोई हिसाब नहीं है।
तीन जांच, हर बार बढ़ता गया आंकड़ा
ग्रामीणों ने बताया घटिया निर्माण व राशि के दुरुपयोग को लेकर जपं में 4 नवंबर 19 को शिकायत की। तत्कालीन सीईओ आरिफ खान ने जांच दल बनाया। सहायक यंत्री नरेश ठाकुर, उपयंत्री जावेद खान व डीजे मंडलोई ने जांच कर 10 दिन में रिपोर्ट सौंपी। इसमें मूल्यांकन से 91 हजार 188 रुपए अधिक निकालना पाया गया। ग्रामीणों का आरोप था कि सचिव ने 3 लाख रुपए अधिक निकाले है। 6 लाख रुपए से अधिक की राशि फर्जी बिल के आधार पर आहरित की है। जिपं में शिकायत के बाद मनरेगा के महेश बिर्ला व सहायक यंत्री नरेश ठाकुर ने जांच की।
खुलवा की सड़क में 9 लाख 7 हजार 923 का मूल्यांकन व 11 लाख 71 हजार 612 रुपए व्यय करना मिला। ग्रामीण इस जांच से भी संतुष्ट नहीं हुए। हेल्पलाइन पर शिकायत के बाद कलेक्टर ने 7 दिसंबर 19 को जांच करवाई। इसमें 3 लाख 68 हजार 673 रुपए की वसूली होना पाया। जांच के बाद सचिव दारासिंह हसरादे पर केस दर्ज कर जनवरी 20 में निलंबित कर दिया गया। सभी जांच के दौरान सचिव अनुपस्थित रहे।
छोटे ट्रैक्टर से परिवहन बताया, बिना मजदूरी के भुगतान
ग्रामीणों ने पुलिस थाना, जपं, एसडीएम भीकनगांव, जिला पंचायत सीईओ, कलेक्टर, जनमित्र शिविर, सीएम हेल्पलाइन, लोकायुक्त विभाग व पंचायत विभाग भोपाल में सड़क निर्माण को लेकर शिकायतें हो चुकी है। तीन बार जांच हुई। लेकिन फर्जी बिलों के आधार पर 4 लोगों के खातों में राशि डालने की जांच अब भी अधूरी है। जबकि इनके कथन भी हो चुके है। इसमें मुरुम ठेकेदार ने जिस ट्रैक्टर (एमपी10एबी-7435) से सामग्री परिवहन बताया गया है वह महेश्वर क्षेत्र का है। साथ ही यह कृषि कार्य में उपयोग होने वाला छोटा ट्रैक्टर है।
महेश पंवार को 1 लाख 4 हजार 983 रुपए का भुगतान हुआ है। लेकिन संबंधित को इसकी जानकारी ही नहीं है। पंवार का कहना है उसने सड़क पर मजदूरी की ना कोई सामग्री दी है। सचिव ने 300 रुपए देने की बात कहते हुए दो दिन के लिए एटीएम लिया था।
सरपंच-सचिव को नोटिस, कल पेशी
सड़क निर्माण में भ्रष्टाचार को लेकर एसडीएम कोर्ट ने पाडल्या बाबाजी के सरपंच शिवराम पिता फूलसिंह व तत्कालीन सचिव दारासिंह हसरादे को नोटिस जारी किया है। इन्हें बुधवार को कोर्ट में उपस्थित होने को कहा है। आदेश में कहा गया है कि ग्राम खोलवा व पाडल्या में सीसी रोड निर्माण में मजदूरों के खाते में भुगतान नहीं करने और फर्जी बिल लगाकर लाखों रुपए अन्य के खातों में भुगतान की शिकायत मिली है। सरपंच व सचिव को पंचायत को पूरा रिकार्ड लाने और अनुपस्थित रहने पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी है। सचिव हसरादे का कहना है नोटिस को लेकर जानकारी नहीं है।
पाडल्या पंचायत का धारा 92 से संबंधित मामला लोकायुक्त में दर्ज है। जिला पंचायत में 19 दिसंबर को इसको लेकर पेशी भी थी। अगली सुनवाई में मामले का निराकरण किया जाएगा।
कविता आर्य, सीईओ