15 की उम्र, 60 साल का चेहरा, ‘पा’ फिल्म की कहानी बन गई हकीकत, मां-बाप का छलका दर्द

15 की उम्र, 60 साल का चेहरा, ‘पा’ फिल्म की कहानी बन गई हकीकत, मां-बाप का छलका दर्द


Last Updated:

Raisen News: एमपी के रायसेन जिले के रहने वाले 2 बच्चे जो कम उम्र में ही बूढ़े दिखने लगे हैं, ये बच्चे इतनी कम उम्र में प्रोजेरिया नामक बीमारी से पीड़ित हैं. इस बीमारी का कोई इलाज भी नहीं है. आखिर क्या है ये बीमारी, चलिए जान लेते हैं.

दिनेश यादव(रायसेन), 

Progeria Disease: फिल्म ‘पा’ आपको याद होगी जिसमें बिग बी अमिताभ बच्चन बूढ़े और उम्र दराज व्यक्ति का किरदार निभाते नजर आए थे, जिसमें अपनी उम्र से अधिक बूढ़ा दिखना दर्शाया गया था. दरअसल, यह एक प्रोजेरिया बीमारी है, जिसमें इंसान समय से पहले ही बूढ़ा दिखने लगता है और पूरी दुनिया में 400 से 500 मरीज इस दुर्लभ बीमारी से पीड़ित हैं. इसी की जागरूकता को लेकर अमिताभ बच्चन की फिल्म ‘पा’ बनाई गई थी. मध्य प्रदेश के रायसेन जिला मुख्यालय से करीब 10 किलोमीटर दूर ग्राम सालेरा में दो बच्चियां प्रोजेरिया बीमारी से पीड़ित हैं. इन दोनों के अलावा इनका तीसरा भाई भी इस बीमारी से पीड़ित था, जिसकी पहले मौत हो चुकी है.

कब से पीड़ित हैं लड़कियां?
रायसेन के सालेरा गांव में रंजीत बैरागी की दो बेटियां राजकुमारी 18 वर्ष और रोशनी 15 वर्ष है. दोनों बेटियां मजबूरी में बूढ़े शरीर में अपना बचपन जी रहीं हैं. बड़ी बहन राजकुमारी तो इस बीमारी के साथ दिव्यांग भी है. वहीं, उनका छोटा भाई 7 साल की उम्र में इस बीमारी के कारण दम तोड़ चुका है. जहां न्यूज18 से बातचीत में प्रोजेरिया दुर्लभ बीमारी से पीड़ित राजकुमारी और रोशनी अपनी परेशानी बताई तो वहीं मां बाप ने भी अपनी बेटियों के दर्द को बयां किया. माता-पिता के मुताबिक, उनके पांच बच्चों में से पहले दो बच्चे तो पूरी तरह स्वस्थ रहे, लेकिन उसके बाद बाकी तीन बच्चे इस बीमारी में ग्रसित हो गए. शुरुआती एक साल के करीब में तो सब ठीक रहा, लेकिन उसके बाद बच्चों में इस दुर्लभ बीमारी के लक्षण दिखने लगे और वह धीरे-धीरे बूढ़े नजर आने लगे.

बच्चों का उड़ता है मजाक
इस प्रोजेरिया नामक दुर्लभ बीमारी से जहां पूरी दुनिया में 400 से 500 मरीज हैं. वहीं, रायसेन की यह दो बेटियां भी उन्हीं में शामिल है. ग्रामीण वीर सिंह ने बताया कि दोनों बच्चियों को इस बीमारी से काफी परेशानी है. एक और जहां दोनों बेटियों को शारीरिक परेशानियां को उठानी पड़ रही है तो वहीं दूसरी और मानसिक रूप से भी परेशानी झेलनी पड़ रही है. इस बीमारी से पीड़ित यह दोनों बहने जब घर से निकलती हैं और खेलने जाती हैं तो उन्हें दूसरे बच्चे बूढ़ा कहकर उनका मजाक भी उड़ाते हैं.

क्या है प्रोजेरिया बीमारी?
आपको बता दें, प्रोजेरिया एक दुर्लभ और अनुवांशिक बीमारी है और इससे प्रभावित बच्चे आमतौर पर 15 से 20 वर्ष ही जी पाते हैं. उनकी मौत हो जाती है. न्यूज18 से बातचीत में रिटायर सीएमएचओ डॉक्टर एके शर्मा ने बताया कि जन्म से पहले साल तक तो कुछ भी समझ में नहीं आ पाता, लेकिन दूसरे और तीसरे साल में इस बीमारी के लक्षण सामने आने लगते हैं. इसके बाद बच्चों में बुढ़ापा भी जल्दी नजर आने लगता है. इससे चेहरों पर झुर्रियां पड़ जाती हैं और चमड़ी पतली होने लगती है. इसके साथ ही अन्य समस्याएं भी सामने आने लगती हैं. आगे डॉक्टर की मानें, तो इस बीमारी का आज की डेट में कोई निश्चित इलाज नहीं है. आगे डॉक्टर की सलाह है कि अगर किसी परिवार में यह बीमारी निकल रही है तो उन मां-बाप को अपने जरूरी टेस्ट कराने चाहिए. ताकि भविष्य में हमारे किसी अन्य बच्चे में ऐसी बीमारी आने की संभावना न हो पाए. बहरहाल, देश में इस प्रोजेरिया नामक बीमारी के कारण बच्चे बचपन में ही अपने बूढ़े शरीर के साथ जीने को मजबूर हैं.

Deepti Sharma

Deepti Sharma, currently working with News18MPCG (Digital), has been creating, curating and publishing impactful stories in Digital Journalism for more than 6 years. Before Joining News18 she has worked with Re…और पढ़ें

Deepti Sharma, currently working with News18MPCG (Digital), has been creating, curating and publishing impactful stories in Digital Journalism for more than 6 years. Before Joining News18 she has worked with Re… और पढ़ें

न्यूज़18 हिंदी को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
homemadhya-pradesh

15 की उम्र, 60 साल का चेहरा, ‘पा’ फिल्म की कहानी बन गई हकीकत



Source link