बुरहानपुर शहर में डायरिया का प्रकोप देखा जा रहा है। पिछले 24 घंटों में शहर के आठ वार्डों से 40 से ज्यादा लोग उल्टी-दस्त की शिकायत के साथ जिला अस्पताल में भर्ती हुए हैं। इनमें 20 से अधिक बच्चे शामिल हैं, जिन्हें पीआईसीयू वार्ड में रखा गया है, जबकि अन्
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आलमगंज, सिंधीपुरा, कालाबाग, आजाद नगर और लोहार मंडी जैसे क्षेत्रों से मरीज सामने आए हैं। भर्ती हुए मरीजों में से एक की हालत गंभीर बताई जा रही है। यह स्थिति शहर में स्वास्थ्य संबंधी चिंताएं बढ़ा रही है।
लोहार मंडी के पार्षद फहीम हाशमी ने बताया कि उनके अकेले वार्ड से 24 घंटे में 17 लोग डायरिया से पीड़ित होकर जिला अस्पताल में भर्ती हुए हैं। उन्होंने नगर निगम और निजी कंपनी द्वारा जल वितरण में खामी का आरोप लगाया। पार्षद ने नगर निगम आयुक्त को मरीजों की सूची भी सौंपी है।
हाशमी ने यह भी कहा कि कई लोग निजी अस्पतालों में भी इलाज करा रहे हैं। उन्होंने जिला अस्पताल में उचित देखभाल न होने और डॉक्टरों की संख्या बढ़ाने की मांग की है।
24 घंटे में 30 मरीज डायरिया पीड़ित मरीज भर्ती हुए हैं, जिसमें 20 से 25 बच्चे हैं।
सीएमएचओ बोले- आयुक्त को पत्र भेजा गया डायरिया से पीड़ित मरीजों से डॉक्टर सुनील कुमार रोमडे और महामारी विशेषज्ञ रविन्द्र सिंह राजपूत ने जिला अस्पताल पहुंचकर जानकारी ली। भर्ती मरीजों में लोहार मंडी, आजाद वार्ड, आजाद नगर, आलमगंज, काली फाटक आदि से है। मरीजों का कहना है दूषित पानी का सप्लाई हो रहा है। जगह-जगह गड्ढे खुद रहे हैं। साफ सफाई नहीं होती। जगह-जगह कचरा पड़ा रहता है।
इधर, सीएमएचओ डॉक्टर राजेंद्र कुमार वर्मा ने बताया आयुक्त नगर पालिका निगम को दूषित पानी के सोर्स को बंद करने अन्य प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करने के लिए पत्र भेजा गया है। वार्ड में आशा, एएनएम और एमपी डब्ल्यू द्वारा घर-घर सर्वे किया जा रहा है। लोगों को समझाइश दी जा रही है कि वे पानी को उबालकर या क्लोरीन टैबलेट डालकर ही सेवन करें।
दस्त शुरू होने पर ओआरएस का घोल पिएं। अपने आस पास सफाई का ध्यान रखें। डॉक्टर वर्मा ने बताया कि रविवार को वार्ड में शिविर लगाया जाएगा, जिसमें निशुल्क दवाइयों और परामर्श दिया जाएगा। बता दें कि पानी दूषित है या नहीं इसकी पुष्टि के लिए नगर निगम द्वारा अलग-अलग जगह से व मरीज के घर से पानी के सेंपल लिए गए है जिसकी जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।

मरीजों का कहना है दूषित पानी का सप्लाई हो रहा है। जगह-जगह गड्ढे खुद रहे हैं।
24 घंटे में 30 मरीज डायरिया से पीड़ित आए- आरएमओ जिला अस्पताल के आरएमओ डॉ. भूपेंद्र गौड़ ने कहा, 24 घंटे में 30 मरीज डायरिया पीड़ित मरीज भर्ती हुए हैं, जिसमें 20 से 25 बच्चे हैं। बाकी अन्य पेशेंट हैं।
डायरिया के क्या कारण हैं, उसका निदान किया जाएगा। पानी की कमी से हो रहा है तो वह दूरी की जा रही है। संख्या बढ़ती है तो उसकी अलग से केयर करेंगे। सीजन बदला है इसलिए वायरल डायरिया, पानी की कमी, बैक्टिरियल डायरिया आदि भी कारण हो सकते हैं। जांच के बाद ही पता चलेगा। अलग से बेड हैं, वहां बच्चों को रखा गया है। 30 एक्स्ट्रा पलंग लगाकर भी उपचार किया जाएगा।
टीम घर घर जाकर ले रही सैंपल- नगर निगम आयुक्त नगर निगम आयुक्त संदीप श्रीवास्तव ने कहा आज (शनिवार) सुबह ही जिला अस्पताल के आएमओ डॉ. भूपेंद्र गौड़ के माध्यम से यह जानकारी मिली है कि आजाद नगर, लोहार मंडी क्षेत्र से 40 से अधिक डायरिया से पीड़ित मरीज भर्ती हुए हैं। सुबह एक टीम गई थी। पेशेंट के घर जाकर टीम निरीक्षण कर रही है। वाटर सैंपल लिए जा रहे हैं। जहां जहां भी इसका सोर्स होगा उसका पता लगाया जाएग। फूड, पानी जिसके कारण भी डायरिया फैला होगा उसकी जांच की जाएगी।
