हरदा के गौण्ड जनजातीय समुदाय के चरित्र और ऐतिहासिक नायकों पर केंद्रित तीन दिवसीय नृत्य नाट्य समारोह का बुधवार को शासकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज हरदा में समापन हो गया।
.
समारोह की शुरुआत अतिथियों ने भारत माता और बिरसा मुंडा के चित्रों पर माल्यार्पण और दीप प्रज्ज्वलन कर की। इसके बाद रामचंद्र सिंह और उनके दल ने राजा पेमल शाह के पराक्रम को दर्शाने वाली रंगारंग नृत्य नाट्य प्रस्तुतियां दीं।
राजा पेमल शाह की वीरता
प्रस्तुतियों के माध्यम से बताया गया कि राजा पेमल शाह गोंड राजाओं में एक प्रतापी शासक थे। उनके चार भाई थे: शंकर शाह, दलपत शाह, बुढ़न शाह और दूधन शाह। एक बार उनके राज्य में प्राकृतिक आपदा के कारण भुखमरी फैल गई थी।
कठिनाइयों के बावजूद राज्य में खुशहाली
पेमल शाह ने हार नहीं मानी। उन्होंने अथक प्रयास से खेती की और राज्य में खुशहाली वापस लाई। उनकी कर्मठता की खबर दिल्ली में बैठे रूम बादशाह तक पहुंची। बादशाह ने उन्हें गढ़ मंडला और चौरा दादर को बचाने के लिए भेजा। पेमल शाह ने बूढ़ा और पैतृक देवता का आवाहन कर इन क्षेत्रों को फिर से आबाद किया।
समारोह में शामिल लोग
इस अवसर पर विधायक हरदा डॉ. आरके. दोगने, जिला पंचायत सीईओ अंजली जोसेफ, एएसपी अमित कुमार मिश्रा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधि और नागरिक उपस्थित रहे।
देखिए तस्वीरें…



