लेडी नायब तहसीलदार का नाम लिखकर पटवारी ने किया सुसाइड: दो दिन पहले हुई थी छोटे भाई की शादी, मां बोली- मैडम परेशान करती थी – Ratlam News

लेडी नायब तहसीलदार का नाम लिखकर पटवारी ने किया सुसाइड:  दो दिन पहले हुई थी छोटे भाई की शादी, मां बोली- मैडम परेशान करती थी – Ratlam News




रतलाम में एक पटवारी ने घर में साफे से फांसी लगा ली। 15 दिन पहले सोशल मीडिया पर डाले पत्र में उसने महिला नायब तहसीलदार पर प्रताड़ना के आरोप लगाए थे। उसके घर से एक और लेटर मिला है। हालांकि, पुलिस ने खुलासा नहीं किया है कि घर में मिले पत्र में क्या लिखा है? मामला रतलाम के आलोट में मंगलवार का है। यहां रहने वाला रविशंकर खराड़ी खजूरी सोलंकी में पटवारी था। पिता की हार्ट अटैक से मौत होने के बाद रविशंकर को दिसंबर 2023 में अनुकंपा नियुक्ति मिली थी। रविवार को ही रविशंकर के छोटे भाई सिद्धार्थ की शादी हुई थी। इस मामले में भास्कर ने नायब तहसीलदार सविता राठौर को दो बार मोबाइल पर कॉल किया। उन्होंने रिसीव नहीं किया। पक्ष जानने के लिए व्हाट्सएप पर मैसेज भी किया। यहां भी कोई रिप्लाई नहीं दिया। भाई की शादी के रिसेप्शन में भी नहीं पहुंचा रविशंकर के भाई सिद्धार्थ की शादी के कार्यक्रम बीते 3 दिन से पैतृक गांव बड़ी सरवन में चल रहे थे। 19 अप्रैल को बारात राजस्थान के बांसवाड़ा के पास तारवाखाटी गई थी। शादी के बाद 20 अप्रैल को बारात गांव लौटने के बजाय रतलाम स्थित उनके घर पहुंची। उसी शाम बरबड़ हनुमान मंदिर परिसर के जानकी मंडप में रिसेप्शन रखा गया था। सिद्धार्थ खराड़ी ने बताया- रविशंकर बांसवाड़ा से बारात रवाना होने से पहले ही रतलाम के लिए निकल गया था। जब हम लोग घर पहुंचे तो उसका मोबाइल बंद मिला। हमने सोचा कि वह कहीं गया होगा। जल्द ही वापस आ जाएगा। इसके बाद सभी लोग रिसेप्शन की तैयारियों में जुट गए। कॉल करने पर रविशंकर का मोबाइल बंद आ रहा था। वह रिसेप्शन में भी नहीं पहुंचा। देर रात करीब 2 बजे वह घर लौटा और तीसरी मंजिल पर बने कमरे में जाकर सो गया। पत्नी ने दरवाजा खोला तो फंदे से लटका मिला सिद्धार्थ ने कहा- मंगलवार सुबह करीब 10 बजे मैं उसके कमरे में गया। वह बिस्तर पर लेटा था। चाय-नाश्ते के बारे में पूछने पर उसने कहा कि थोड़ी देर में नीचे आ जाएगा। दोपहर करीब 3 बजे दोबारा कमरे पर जाकर दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद भाभी रीना उसे उठाने के लिए कमरे में गईं। धक्का देकर दरवाजा खोला तो वह जोर से चिल्लाईं। चीख सुनकर परिवार के लोग पहुंचे तो देखा कि रविशंकर पंखे से फंदा लगाकर लटका था। सूचना मिलने पर पुलिस जांच के लिए पहुंची। रविशंकर के कमरे में तलाशी ली तो एक लेटर मिला। इसमें क्या लिखा है, इसका खुलासा नहीं किया गया है। छोटे भाई सिद्धार्थ खराड़ी ने जांच कर रहे एसआई से लेटर मांगा ताकि परिवार के पास सबूत रहे। लेकिन एसआई कुछ बताने के लिए तैयार नहीं हुए। बाइक लेकर जाने लगे तो सिद्धार्थ ने दौड़ते हुए रोक लिया। हंगामे की स्थिति बनी तो वहां मौजूद थाना प्रभारी सत्येंद्र रघुवंशी आगे आए। रघुवंशी ने सिद्धार्थ को समझाया। जांच की बात कही। सोशल मीडिया पर 15 दिन पुराना लेटर वायरल रविशंकर द्वारा लिखा गया एक अन्य लेटर भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। ये 15 दिन पुराना बताया जा रहा है। इसमें लिखा है- मेरा नाम रविशंकर खराड़ी है। मैं हल्का नंबर 34 में पटवारी हूं। मेरे ऊपर नायब तहसीलदार सविता राठौड़ द्वारा लगातार काम का दबाव बनाया जा रहा है। मौका रिपोर्ट, पंचनामा, बटांकन और फर्द में प्रेशर डालकर बदलाव कराया गया है। नायब तहसीलदार के दबाव के कारण मैं अपने छोटे भाई की शादी में भी ध्यान नहीं दे पाया। कई परिचितों को लग्न पत्रिका देने तक का समय नहीं मिल सका। मुझे कई बार उनके क्वार्टर पर बुलाया गया और यह तक कहा गया कि मेरे भाई की शादी अच्छे से नहीं होने देंगी। इसकी रिकॉर्डिंग भी मौजूद है। मुझे क्वार्टर पर बुलाकर गलत काम कराने की बात भी रिकॉर्डिंग में है। इन सबके सामने आने पर मेरे खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी किया जा रहा है। मैं इस तरह के दबाव में नौकरी नहीं कर सकता। रविशंकर की मां केसर खराड़ी ने बताया- बेटा कहता था कि मैडम परेशान करती है। किसी काम के ऐवज में किसान से रुपए लेने के लिए बेटे पर दबाव बनाया गया था। 4 साल की बेटी, पत्नी प्रेग्नेंट, परिवार साथ रहता था रविशंकर खराड़ी की 4 साल की बेटी है। पत्नी रीना प्रेग्नेंट है। मां, छोटा भाई सिद्धार्थ और 16 साल की बहन साथ रहते हैं। रविशंकर ने नौकरी के चलते आलोट में भी कमरा किराये पर ले रखा था। टीआई सत्येंद्र रघुवंशी ने बताया कि लेटर के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है। सारे तथ्यों को ध्यान में रखकर जांच की जाएगी। ये खबर भी पढ़ें… जहर खाकर कंट्रोल रूम पहुंचा पुलिसकर्मी, लिखा-सब बिक रहे हैं नीमच में हेड कॉन्स्टेबल होशियार सिंह (50) ने जहर खाकर खुदकुशी कर ली। वे कनावटी पुलिस लाइन में तैनात थे। डीजीपी, डीआईजी और एसपी के नाम लिखे तीन पेज के सुसाइड नोट में उन्होंने विभागीय भ्रष्टाचार के साथ पुलिस लाइन के अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। इसमें लिखा है कि सब पैसों में बिक रहे हैं। पढे़ं पूरी खबर…



Source link