खरगोन जिले में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश के बाद गेहूं खरीदी केंद्रों पर व्यवस्थाएं सुधरने लगी हैं। बोरावां खरीदी केंद्र पर 3 दिन के लंबे इंतजार के बाद शनिवार से उपज की तुलाई फिर शुरू हो गई है। काम में तेजी लाने के लिए प्रशासन ने तौलकांटों की संख्या 3 से बढ़ाकर 5 कर दी है और 20 अतिरिक्त हम्माल बुलाए गए हैं। हालांकि, अभी भी यहां 40 ट्रैक्टर कतार में खड़े हैं और 29 अप्रैल का अनाज अब तौला जा रहा है। 40 ट्रैक्टर कतार में, कांटे और हम्माल बढ़ाए गए भास्कर डिजिटल की टीम ने जिले के बोरावां खरीदी केंद्र का दौरा कर जमीनी हकीकत जानी। केंद्र पर सुबह 10 बजे से काम शुरू हो गया है, लेकिन अभी भी 40 ट्रैक्टर अपनी बारी के इंतजार में खड़े हैं। मुख्यमंत्री के सख्त निर्देश के बाद तोलकांटों की संख्या तीन से बढ़ाकर पांच कर दी गई है और प्रत्येक कांटे पर चार हम्माल लगाए गए हैं। काम में तेजी लाने के लिए खरगोन से 20 अतिरिक्त हम्माल भी बुलाए गए हैं। 29 अप्रैल की उपज का शनिवार को हुआ तौल केन्द्र पर ट्रैक्टर-ट्रॉलियां खुले में खड़ी हैं, जबकि तुलाई के बाद अनाज को शेड में रखा जा रहा है। देरी का आलम यह है कि 29 अप्रैल को लाए गए गेहूं की तुलाई शनिवार को की जा सकी है। किसान का दर्द- बोनस से ज्यादा भाड़ा लग रहा बुधवार से अपनी बारी का इंतजार कर रहे किसान लक्ष्मीनारायण ने बताया कि तौलकांटे बढ़ने से अब उन्हें उम्मीद है। उन्होंने कहा, “सरकार किसानों को जितना बोनस नहीं दे रही है, उससे ज्यादा उन्हें भाड़ा लग रहा है।” प्रभारी बोले- बड़े किसानों की बुकिंग से बिगड़ी थी व्यवस्था खरीदी केंद्र प्रभारी अभिषेक यादव ने बताया कि बड़े किसानों की स्लॉट बुकिंग के कारण अचानक अधिक उपज आ गई थी, जिससे यह स्थिति बनी। उन्होंने दावा किया कि पहले की तुलना में अब काम तेजी से हो रहा है और आने वाले दिनों में व्यवस्थाओं में और सुधार देखने को मिलेगा।
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